राजनांदगांव और खैरागढ़ की 15 बम निरोधक दस्ते ने तीन घंटे तक की जांच
राजनांदगांव 8 जनवरी। सुबह करीब दस बजे जिला न्यायलय को ईमेल के जरिए आरडीएक्स आईडी से उड़ाने की धमकी के बाद अफरा तफरी मच गई। इस पत्र में ईमेल भेजने वाले ने 2 बजकर 35 मिनट तक सभी जजों को बाहर निकाले जाने की चेतावनी भी दी थी। यह खबर सोशल मिडिया के जरिए आम लोगों तक पहुंची, जिसके बाद कोर्ट परिसर में हड़कंप की स्थिति निर्मित हो गई। तत्काल पुलिस को सूचना देने के बाद बम निरोधक और डाग स्क्वार्ड के द्वारा दो बजे तक जांच किया गया। इस गहन जांच में चेतावनी अफवाह साबित हुई। लेकिन इस धमकी के चलते पूरे दिन न्यायलयीन कार्य में ब्रेक लगा रहा।
राजनांदगांव के आलावा मध्यप्रदेश व बिहार के कोर्ट को भी इसी तरह बम से उड़ाए जाने की चेतावनी दी गई थी। हांलाकि करीब 11 बजे पुलिस एलर्ट मूड़ पर आ गई और लोकल बम निरोधक दस्ता और खैरागढ़ जिले से बुलाई गई टीम ने गहन जांच किया। इस बीच करीब तीन घंटे जांच के बाद बम स्क्वार्ड ने साफ किया कि, कोर्ट में बम जैसी कोई वस्तु नही हैं। जिसके बाद पुलिस ने कोर्ट परिसर के सामने और कलेक्टोरेट के सामने गेट खोलकर लोगों की आवाजाही शुरू कराई। हांलाकि मेल से आए इस घटना ने लोगों की धड़कने बढ़ा दी थी। जिला कोर्ट के अंदर बैठे सभी लोगों को बाहर निकाला गया, वही बाजू में कलेक्टोरेट से आवाजाही प्रतिबंधित कर दिया गया था। कोर्ट के सामने सड़क पर भीड़ लग गई थी। लोग अंदर आखिर बम है या नही इसे जानने दोपहर तक वहां डटे रहे।
अधिवक्ता संघ को डीजे ने लिखा पत्र….
सोशल मिडिया में जारी एक पत्र की माने तो जिला न्यायलय को सुबह दस बजकर 7 मिनट 31 सेकंड में बम से उड़ाने की धमकी भरा पत्र मिलने के बाद डीजे विजय कुमार होता ने जिला अधिवक्ता संघ को पत्र के जरिए तत्काल सूचित किया। उन्होने इस मेल की जानकारी पुलिस अधीक्षक को देकर सुरक्षा मुहैय्या कराने का भी जिक्र किया है। हांलाकि सुबह 11 बजे पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा मौके पर पहुंचकर बम निरोधक दस्ता को एलर्ट कर दिया था। इसके आलावा सीएसपी पुष्पेन्द्र नायक, सीएसपी वैशाली जैन सहित पुलिस के आला अधिकारी मौके पर पहुंच गए थे।
छावनी में तब्दील कोर्ट, जांच में जूटी पुलिस
सुबह से ही बम से कोर्ट को उड़ाने की धमकी के बाद बम निरोधक दस्ता और बाहर में पुलि बल की तैनाती तगड़ी कर दी गई थी। वही आम लोगों को कलेक्टोरेट और कोर्ट के अंदर आवाजाही प्रतिबंधित कर दिया गया था। दोपहर तीन बजे तक कोर्ट परिसर छावनी में तब्दील रहा। इधर पुलिस अधीक्षक अंकिता शर्मा का कहना है कि, जहां से मेल आया है, उसकी जांच की जा रही है। वही अज्ञात के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर पूरे मामले को जांच में लिया गया हैं।
कोर्ट का काम प्रभावित, जांच के बाद सामान्य
बम होने के इस मामले के बाद गुरूवार को सुबह दस से एक बजे तक घंटे तक कोई काम नही हो पाया। दोपहर तक कोर्ट का कामकाज ठप रहा। इस चेतावनी के चलते डीजे सहित सभी कोर्ट की पेशी टालनी पड़ गई थी। जिला अधिवक्ता संघ के अध्यक्ष मनोज चौधरी ने बताया कि, दोपहर एक बजे के बाद कोर्ट में आवाजाही शुरू हुई और जजों ने रोजगार की तरह फरियादियों के पेशी की कार्यवाही पूरी की। इस घटना
ने पुलिस और जिला प्रशासन को भी सक्ते में डाल दिया था। हांलाकि जांच के बाद सभी ने राहत की सांस ली है।
अपराध दर्ज
ईमेल की जांच की जा रही है। बहरहाल अज्ञात आरोपी के खिलाफ एफआईआर दर्ज कर लिया गया है। बम निरोधक दस्ते ने गहन जांच की है। जिसके बाद कोर्ट में कामकाज सामान्य रहा।
अंकिता शर्मा, पुलिस अधीक्षक, राजनांदगांव
